शाहिद कपूर और विशाल भारद्वाज की जोड़ी की मच अवेटेड फिल्म ‘ओ रोमियो’ 13 फ़रवरी, 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी. इस एक्शन-रोमांटिक थ्रिलर से बॉक्स ऑफिस पर धमाल मचाने की काफी उम्मीदें थी लेकिन ये खास परफॉर्म नहीं कर पाई है. हालांकि फैंस इसके ओटीटी रिलीज का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे. फाइनली शाहिद कपूर और तृप्ति डिमरी स्टाररर ओ रोमियो’ डिजिटल प्लेटफॉर्म पर डेब्यू करने जा रही है. जानते हैं इसे कब और कहां देख सकेंगे?
ओ रोमियो’ ओटीटी पर कब और कहां होगी रिलीज?
ओ रोमियो’ में शाहिद कपूर ने दमदार रोल प्ले किया है और उनकी एक्टिंग की काफी तारीफ हुई है. वहीं अब ये फिल्म ओटीटी के प्लेटफॉर्म अमेजन प्राइम वीडियो पर 27 मार्च, 2026 से दस्तक देने जा रही है. लेकिन इसे अभी 'पे-पर-व्यू' के तहत यानी किराए पर लेकर देखा जा सकेगा. इसके बाद अप्रैल के दूसरे हफ़्ते में इसे सभी प्राइम सब्सक्राइबर्स के लिए फ्री में अवेलेबल कराया जाएगा.
क्या है ओ रोमियो का प्लॉट
हुसैन ज़ैदी की किताब 'माफिया क्वीन्स ऑफ मुंबई' पर आधारित यह फ़िल्म, 1990 के दशक के मुंबई के अंडरवर्ल्ड की दुनिया में ले जाती है. विशाल भारद्वाज द्वारा निर्देशित और साजिद नाडियाडवाला द्वारा निर्मित, ‘ओ रोमियो’ अपराध, प्यार और भावनाओं का एक एक्साइटिंग ब्लेंड है. यह एक ऐसे खूंखार गैंगस्टर की कहानी है जिसकी ज़िंदगी तब बदल जाती है जब उसे ऐसा प्यार मिलता है जो उसे बेकाबू कर देता है और उसका कमज़ोर पहलू सामने ले आता है. इससे जुनून और झगड़ों का एक तूफ़ानी सिलसिला शुरू हो जाता है, जो एक बड़े गैंग वॉर को जन्म देता है और उसकी अपराध की दुनिया को खतरे में डाल देता है.
‘ओ रोमियो’ की शानदार स्टारकास्ट
‘ओ रोमियो’ में एक शानदार स्टारकास्ट है जिसमें तृप्ति डिमरी, अविनाश तिवारी, नाना पाटेकर, फरीदा जलाल, हुसैन दलाल, तमन्नाह, दिशा पटानी और विक्रांत मैसी शामिल हैं;
‘ओ रोमियो’ बॉक्स ऑफिस कलेक्शन
'ओ रोमियो' ने अपनी घरेलू शुरुआत कोईमोई के आंकड़ों के मुताबिक 9.01 करोड़ की कमाई के साथ की और अपने पूरे रन के दौरान, यह अपनी ओपनिंग-डे की कमाई को 9 गुना से थोड़ा ज़्यादा बढ़ाने में कामयाब रही. आखिरी अपडेट के मुताबिक, इसने भारतीय बॉक्स ऑफिस पर अपना सफर 83.35 करोड़ नेट पर खत्म किया. यह 98.35 करोड़ ग्रॉस के बराबर है. विदेशों में, इसने 24.75 करोड़ ग्रॉस कमाए. भारत और विदेशों की ग्रॉस कमाई को मिलाकर, दुनिया भर के बॉक्स ऑफिस पर इसका कुल कलेक्शन 123.1 करोड़ ग्रॉस रहा है.
MP News: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि केंद्रीय कैबिनेट ने गोंदिया-जबलपुर रेलवे लाइन दोहरीकरण को मंजूरी दे दी है, जिससे बालाघाट, जबलपुर, मंडला और सिवनी में कनेक्टिविटी और रोजगार बढ़ेंगे. Madhya Pradesh News: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने घोषणा की है कि केंद्रीय कैबिनेट ने गोंदिया–जबलपुर रेलवे लाइन के दोहरीकरण को मंजूरी दे दी है. मुख्यमंत्री ने इसे महाकौशल क्षेत्र सहित प्रदेश के लिए एक महत्वपूर्ण सौगात करार दिया और इस निर्णय के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और केंद्रीय मंत्रिमंडल का हृदय से आभार माना उनका कहना है कि इस परियोजना से नक्सल समस्या से मुक्त बालाघाट जिले के साथ ही जबलपुर, मंडला और सिवनी में कनेक्टिविटी मजबूत होगी और व्यापार, व्यवसाय और पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा. सेवातीर्थ में केन्द्रीय सरकार की पहली केबिनेट बैठक में गोंदिया से जबलपुर रेलवे लाईन दोहरीकरण को मंजूरी मिल गई है. रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इसे रामायण सर्किट से लेकर नार्थ से साउथ तक का एक महत्वपूर्ण कॉरीडोर बताया है. रोजगार के नये अवसर सृजित होंगे इस दोहरीकरण का सबसे ज्यादा लाभ विकास के रूप में बालाघाट जिले मिलेगा. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने गोंदिया–जबलपुर रेललाइन के दोहरीकरण को मंजूरी प्रदान करते हुए 5236 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की है. इस कार्य के पूर्ण होने से मध्यप्रदेश के विकास को गति मिलेगी और रोजगार के नये अवसर सृजित होंगे. गोंदिया–जबलपुर लाइन में ब्रिज और वन्यजीव सुरक्षा करीब 231 किलोमीटर के गोंदिया-जबलपुर रेलवे दोहरीकरण का काम 5236 करोड़ रूपए से 5 साल में पूरा होगा. जिससे महाराष्ट्र के गोंदिया और मध्यप्रदेश के जबलपुर, मंडला, सिवनी, बालाघाट को इसका लाभ मिलेगा. इस दौरान इस लाईन में आने वाले वन्यप्राणियों की सुरक्षा के लिए 450 करोड़ रूपए अंडरपास और फेसिंग में खर्च किए जाएंगे. साथ ही रेलवे दोहरीकरण के इस काम में नर्मदा नदी में एक बड़े ब्रिज के साथ ही मेजर और माईनर ब्रिज बनाए जाएंगे.
Navratri Second Day Brahmacharini: नवरात्र का दूसरा दिन मां ब्रह्मचारिणी को समर्पित है, जो तप और संयम की देवी हैं. जानिए दूसरे दिन माता की पूजा विधि, मंत्र, भोग, आरती, और शुभ योग के बारे में? Chaitra Navratri Second Day of Goddess Brahmacharini: चैत्र नवरात्रि (Chaitra Navratri 2026) के दौरान माता दुर्गा के नौ रूपों की पूजा की जाती है. जहां पहला दिन मां शैलपुत्री को समर्पित होता है, वहीं दूसरे दिन मां ब्रह्मचारिणी की पूजा की जाती है. चैत्र नवरात्रि के मौके पर हम आपको मां ब्रह्मचारिणी की पूजा से जुड़ी संपूर्ण जानकारी नीचे दे रहे हैं. मां दुर्गा का दूसरा अवतार देवी ब्रह्मचारिणी तप, संयम, ज्ञान और वैराग्य की देवी हैं. माता को सफेद रंग के वस्त्र, चंदन, फूल और श्वेत मिठाई चढ़ाया जाता है. इस दिन का काफी खास महत्व है, क्योंकि पूरे दिन सर्वार्थ सिद्धि योग बना हुआ है. आइए जानते हैं उनके मंत्र, पूजा विधि, कथा और आरती से जुड़ी सटीक जानकारी के बारे में. मां ब्रह्मचारिणी के नाम का अर्थ? मां ब्रह्मचारिणी तप शक्ति का प्रतीक हैं. ब्रह्मचारिणी माता की आराधना से भक्तों में तप की शक्ति बढ़ती है. इसके अलावा उन्हें मनोवांछित फल की भी प्राप्ति होती है. देवी दुर्गा के नौ स्वरूपों में से दूसरे स्वरूप का नाम देवी ब्रह्मचारिणी है. नवरात्रि के दूसरे दिन के दौरान मां के इस अवतार की पूजा संपूर्ण विधि-विधान से करनी चाहिए. 'ब्रह्मचारिणी' नाम का मतलब ब्रह्म और चारिणी से मिलकर बना हुआ है. ब्रह्म का अर्थ है तप या तपस्या, वही चारिणी का अर्थ है आचरण करने वाली. ऐसे में ब्रह्मचारिणी का शाब्दिक अर्थ है, तप का आचरण करने वाली देवी. पौराणिक कथाओं के मुताबिक, भगवान शिव को अपने पति के रूप में पाने के लिए मां ने इस रूप में कठोर तपस्या की थी. नवरात्र के दूसरे दिन खास योग! चैत्र नवरात्रि के दूसरे सर्वार्थ सिद्धि के साथ अमृत सिद्धि योग भी बन रहा है, जो शुक्रवार सुबह 6 बजकर 25 मिनट से लेकर देर रात 2 बजकर 27 मिनट तक रहेगा. इसके साथ ही शनिवार दोपहर2 बजकर 30 मिनट से 3 बजकर 18 मिनट तक विजय मुहूर्त का संयोग बन रहा है. धार्मिक मान्यता है कि, सर्वार्थ सिद्धि योग में शुरू किए गए काम सफल होते हैं और राहुकाल में कोई नया काम या पूजा करने से वह निष्फल होता है. मां ब्रह्माचारिणी की पूजा विधि (Maa Brahmacharini Puja Vidhi) नवरात्र के दूसरे दिन ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नानादि कर साफ वस्त्र धारण करें. इसके बाद आसन पर बैठकर मां का ध्यान करते हुए पूजा करें. उन्हें फूल, चंदन, अक्षत, रोली, धूप, भोग आदि अर्पित करें. मां ब्रह्मचारिणी को दूध, दही, घी, शहद और शक्कर से स्नान कराएं. उसके बाद मां को उनका पसंदीदा भोग अर्पित करें. उन्हें पान, सुपारी, लौंग अर्पित करना शुभ माना जाता है. मां ब्रह्मचारिणी से जुड़ा ध्यान मंत्र (Maa Brahmacharini Mantra) या देवी सर्वभेतेषु मां ब्रह्मचारिणी रूपेण संस्थिता। नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः।। दधना करपद्याभ्यांक्षमालाकमण्डलू। देवीप्रसीदतु मयी ब्रह्मचारिण्यनुत्तमा॥ इस मंत्र का अर्थ है कि, देवी ब्रह्मचारिणी का स्वरूप दिव्यता से भरा है. माता के दाहिने हाथ में जप की माला तो बाएं हाथ में कमंडल है. माता ब्रह्मचारिणी की आराधना करने के लिए ॐ देवी ब्रह्मचारिण्यै नम: मंत्र का जाप करना चाहिए. मां ब्रह्मचारिणी का प्रिय भोग (Maa Brahmacharini Bhog) नवरात्र के दूसरे मां ब्रह्मचारिणी को उनका प्रिय भोग शर्करा या गुड़ अर्पित करना शुभ माना जाता है. ऐसा करने से आयुष्मान का आशीर्वाद प्राप्त होता है. ब्रह्मचारिणी माता जी की आरती (Maa Brahmacharini Aarti) जय अंबे ब्रह्माचारिणी माता। जय चतुरानन प्रिय सुख दाता। ब्रह्मा जी के मन भाती हो। ज्ञान सभी को सिखलाती हो। ब्रह्मा मंत्र है जाप तुम्हारा। जिसको जपे सकल संसारा। जय गायत्री वेद की माता। जो मन निस दिन तुम्हें ध्याता। कमी कोई रहने न पाए। कोई भी दुख सहने न पाए। उसकी विरति रहे ठिकाने। जो तेरी महिमा को जाने। रुद्राक्ष की माला ले कर। जपे जो मंत्र श्रद्धा दे कर। आलस छोड़ करे गुणगाना। मां तुम उसको सुख पहुंचाना। ब्रह्माचारिणी तेरो नाम। पूर्ण करो सब मेरे काम। भक्त तेरे चरणों का पुजारी। रखना लाज मेरी महतारी।आरती करते समय खासतौर पर इस बात का ध्यान दें कि, देवी-देवताओं की 14 बार आरती उतारना है. 4 बार उनके चरणों पर से, 2 बार नाभि पर से, 1 बार मुख पर से और 7 बार पूरे शरीर पर से. आरती की बत्तियां 1, 5, 7 यानी विषम संख्या में ही बनाकर आरती करनी चाहिए.
UP News In Hindi: सीएम योगी आदित्यनाथ की सरकार ने राज्य के शिक्षकों समेत लाखों को कर्मचारियों के लिए बड़े तोहफे का ऐलान कर दिया है. इसके लिए सरकार की तरफ से आदेश जारी किया गया है होली भारत के प्रमुख त्योहारों में से एक है, जिसे विशेष रूप से उत्तर भारत में बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है। उत्तर प्रदेश जैसे विशाल राज्य में यह पर्व सामाजिक, सांस्कृतिक और आर्थिक दृष्टि से महत्वपूर्ण होता है। इस वर्ष होलिका दहन 2 मार्च को और रंगों की होली 4 मार्च को पड़ रही है। सामान्यतः सरकारी कर्मचारियों का वेतन महीने के अंतिम या अगले महीने के प्रारंभिक दिनों में जारी होता है, लेकिन इस बार त्योहार और अवकाश के कारण वेतन भुगतान की तिथि प्रभावित हो रही थी। रविवार (1 मार्च) को साप्ताहिक अवकाश तथा 2 मार्च को होलिका दहन होने के कारण नियमित प्रक्रिया से वेतन जारी करना संभव नहीं था। ऐसी स्थिति में राज्य सरकार ने सक्रियता दिखाते हुए शनिवार (28 फरवरी) को ही वेतन भुगतान सुनिश्चित करने का निर्णय लिया। यह निर्णय प्रशासनिक स्तर पर त्वरित समन्वय और संवेदनशीलता को दर्शाता है। शिक्षा विभाग की भूमिका स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना निदेशक कार्यालय की ओर से 2 मार्च से पहले वेतन भुगतान के स्पष्ट निर्देश जारी किए गए। यह आदेश उत्तर प्रदेश स्कूल शिक्षा महानिदेशक मोनिका रानी द्वारा जारी किया गया। आदेश में कहा गया कि सभी संबंधित अधिकारी और वित्तीय प्राधिकारी यह सुनिश्चित करें कि होलिका दहन से पहले शिक्षकों और कर्मचारियों के खातों में वेतन पहुंच जाए। शिक्षा विभाग राज्य का एक बड़ा विभाग है, जिसमें बेसिक शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा, राजकीय इंटर कॉलेज, सहायता प्राप्त विद्यालय और विभिन्न परियोजनाओं से जुड़े कर्मचारी शामिल हैं। लाखों शिक्षकों और कर्मचारियों को समय से पहले वेतन देने के लिए विभाग को वित्तीय और तकनीकी स्तर पर व्यापक तैयारी करनी पड़ी। ट्रेजरी, बैंकिंग प्रणाली और जिला स्तर के शिक्षा अधिकारियों के बीच समन्वय स्थापित कर भुगतान प्रक्रिया को तेज किया गया। वित्त विभाग ने भी इस संबंध में शासनादेश जारी किया। आदेश में स्पष्ट किया गया कि अवकाश के कारण नियमित तिथि पर वेतन भुगतान संभव नहीं था, इसलिए विशेष अनुमति के तहत अग्रिम भुगतान का निर्णय लिया गया है। इस फैसले को राज्यपाल Anandiben Patel की मंजूरी प्राप्त होने के बाद लागू किया गया। राज्यपाल की स्वीकृति का उल्लेख इस बात का संकेत है कि यह निर्णय केवल विभागीय स्तर का नहीं बल्कि उच्च प्रशासनिक और संवैधानिक प्रक्रिया के तहत लिया गया है। इससे आदेश की वैधता और गंभीरता स्पष्ट होती है। प्रशासनिक समन्वय और कार्यान्वयन राज्य सरकार की ओर से सभी जिलाधिकारियों और विभागाध्यक्षों को निर्देशित किया गया कि वे अपने-अपने विभागों में तैनात कर्मचारियों का वेतन 28 फरवरी तक हर हाल में जारी करें। साथ ही आदेश के पालन को लेकर सख्त हिदायत दी गई। इसका अर्थ है कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या देरी को गंभीरता से लिया जाएगा। वेतन भुगतान की प्रक्रिया में निम्नलिखित स्तरों पर कार्य हुआ: वेतन बिलों की समयपूर्व तैयारी – संबंधित आहरण एवं वितरण अधिकारी (DDO) को समय से पहले वेतन बिल तैयार करने के निर्देश दिए गए। ट्रेजरी की सक्रियता – कोषागार कार्यालयों को अतिरिक्त समय तक कार्य कर बिल पास करने को कहा गया। बैंकिंग समन्वय – बैंकों के साथ समन्वय कर यह सुनिश्चित किया गया कि भुगतान समय से कर्मचारियों के खातों में पहुंचे। डिजिटल प्रक्रिया का उपयोग – ई-भुगतान प्रणाली के माध्यम से प्रक्रिया को त्वरित और पारदर्शी बनाया गया कर्मचारियों में खुशी की लहर इस निर्णय के बाद सरकारी कर्मचारियों में व्यापक खुशी देखी गई। त्योहारों के समय परिवारों की जरूरतें बढ़ जाती हैं—नए कपड़े, मिठाइयां, रंग-गुलाल, बच्चों के लिए उपहार, रिश्तेदारों के यहां आने-जाने का खर्च आदि। ऐसे समय यदि वेतन में देरी हो जाए तो असुविधा होती है। सरकार द्वारा समय से पहले वेतन जारी करने से कर्मचारियों को आर्थिक रूप से राहत मिली है। विशेष रूप से शिक्षकों ने इस फैसले का स्वागत किया है। ग्रामीण और कस्बाई क्षेत्रों में कार्यरत शिक्षक अक्सर स्थानीय अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा होते हैं। उनके पास वेतन आने से स्थानीय बाजारों में भी रौनक बढ़ती है। आर्थिक प्रभाव राज्य के लाखों कर्मचारियों को एक साथ वेतन जारी होने से बाजार में नकदी प्रवाह बढ़ेगा। होली के अवसर पर खरीदारी बढ़ने की संभावना है, जिससे व्यापारियों और छोटे दुकानदारों को भी लाभ होगा। वस्त्र, मिठाई, रंग-गुलाल, घरेलू सामान और इलेक्ट्रॉनिक्स की बिक्री में वृद्धि हो सकती है। यह कदम अप्रत्यक्ष रूप से स्थानीय अर्थव्यवस्था को प्रोत्साहित करने वाला भी माना जा सकता है। त्योहारों के दौरान मांग बढ़ने से छोटे व्यापारियों की आय में वृद्धि होती है, जिससे समग्र आर्थिक गतिविधि में तेजी आती है। राजनीतिक और सामाजिक संदेश Yogi Adityanath की सरकार का यह निर्णय कर्मचारियों के प्रति संवेदनशीलता का संदेश देता है। त्योहारों के समय इस प्रकार के निर्णय कर्मचारियों के मनोबल को बढ़ाते हैं और सरकार के प्रति सकारात्मक भावना उत्पन्न करते हैं। सरकारी कर्मचारी किसी भी राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था की रीढ़ होते हैं। यदि वे संतुष्ट और प्रेरित हों तो सरकारी योजनाओं का क्रियान्वयन बेहतर ढंग से होता है। समय पर वेतन भुगतान कर्मचारियों के अधिकारों का सम्मान भी है। पहले भी मिल चुकी हैं ऐसी सौगातें पिछले वर्षों में भी त्योहारों से पहले बोनस या अग्रिम वेतन जैसी घोषणाएं विभिन्न राज्य सरकारों द्वारा की जाती रही हैं। हालांकि हर बार परिस्थितियां अलग होती हैं, लेकिन इस बार अवकाश और त्योहार की तिथियों के कारण यह निर्णय आवश्यक हो गया था। यह भी उल्लेखनीय है कि समय से पहले वेतन देने का निर्णय प्रशासनिक कुशलता का परिचायक है, क्योंकि इसमें बजटीय प्रबंधन और नकदी प्रवाह का संतुलन बनाए रखना होता है। संभावित चुनौतियां हालांकि आदेश जारी कर दिया गया है, लेकिन इतने बड़े पैमाने पर वेतन भुगतान सुनिश्चित करना एक चुनौतीपूर्ण कार्य होता है। यदि किसी विभाग में तकनीकी त्रुटि, दस्तावेजी कमी या बैंकिंग समस्या उत्पन्न होती है तो कुछ कर्मचारियों को असुविधा हो सकती है। इसलिए संबंधित अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं। कर्मचारियों की अपेक्षाएं इस निर्णय के बाद कर्मचारियों में यह अपेक्षा भी बढ़ी है कि भविष्य में भी त्योहारों के समय इसी प्रकार की संवेदनशीलता दिखाई जाएगी। साथ ही वे नियमित वेतन भुगतान, महंगाई भत्ता, पेंशन और अन्य वित्तीय सुविधाओं से संबंधित मुद्दों पर भी सरकार से सकारात्मक रुख की आशा रखते हैं। UP NEWSYogi AdityanathHoli 2026
Gold Silver Price Today: सोने-चांदी की कीमत आज घटी या बढ़ी? जानें 28 फरवरी को दिल्ली से मुंबई तक क्या हैं ताजा भाव सोने-चांदी की कीमतों में पिछले कुछ दिनों से उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है. वैश्विक अनिश्चितताओं, अमेरिका की टैरिफ नीति इत्यादि वजहों से लगातार बदलाव हो रहा है. आइए जानते हैं, आज का ताजा भाव क्या है? Gold Silver Price Today: सोने-चांदी की कीमतों में पिछले कुछ दिनों से लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है. वैश्विक अनिश्चितताओं, अमेरिका की टैरिफ नीति इत्यादि वजहों से बाजार में लगातार बदलाव हो रहा है. आइए जानते हैं, आज शनिवार 28 फरवरी के कारोबारी दिन सोने-चांदी का ताजा भाव क्या है? सोने के आउटलुक पर जेपी मॉर्गन का अपडेट वैश्विक बाजार में सोने को लेकर नई उम्मीदें जताई जा रही हैं. जेपी मॉर्गन ने अपना लॉन्ग-टर्म प्राइस टारगेट बढ़ाकर 4,500 डॉलर प्रति औंस कर दिया है. जबकि 2026 के अंत के लिए 6,300 डॉलर प्रति औंस का अनुमान पहले की तरह कायम रखा है. जेपी मॉर्गन के अनुसार निवेशकों के पोर्टफोलियो में स्ट्रक्चरल डायवर्सिफिकेशन का रुझान अभी जारी है. जिससे आगे भी सोने में तेजी की संभावना बनी रह सकती है. चांदी के ताजा भाव दिल्ली, मंबई, कोलकाता और चेन्नई में चांदी की कीमतों में तेजी दर्ज की जा रही है. दिल्ली, कोलकाता और मुंबई में 10 ग्राम चांदी आज 2,950 रुपये की दर पर बिक रहा है. वहीं, 100 ग्राम चांदी खरीदने के लिए ग्राहकों को 29,500 रुपये खर्च करने होंगे. चेन्नई में 10 ग्राम चांदी की कीमत 3,000 रुपये चल रही है. आपके शहर में सोने का भाव (गुड रिटर्न के अनुसार) दिल्ली में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम) 24 कैरेट - 1,64,880 रुपए 22 कैरेट - 1,51,150 रुपए 18 कैरेट - 1,23,700 रुपए मुंबई में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम) 24 कैरेट - 1,64,730 रुपए 22 कैरेट - 1,51,000 रुपए 18 कैरेट - 1,23,550 रुपए चेन्नई में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम) 24 कैरेट - 1,65,820 रुपए 22 कैरेट - 1,52,000 रुपए 18 कैरेट - 1,30,100 रुपए कोलकाता में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम) 24 कैरेट - 1,64,730 रुपए 22 कैरेट - 1,51,000 रुपए 18 कैरेट - 1,23,550 रुपए अहमदाबाद में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम) 24 कैरेट - 1,64,780 रुपए 22 कैरेट - 1,51,050 रुपए 18 कैरेट - 1,23,600 रुपए लखनऊ में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम) 24 कैरेट - 1,64,880 रुपए 22 कैरेट - 1,51,150 रुपए 18 कैरेट - 1,23,700 रुपए पटना में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम) 24 कैरेट - 1,64,780 रुपए 22 कैरेट - 1,51,050 रुपए 18 कैरेट - 1,23,600 रुपए हैदराबाद में सोने के दाम (प्रति 10 ग्राम) 24 कैरेट - 1,64,730 रुपए 22 कैरेट - 1,51,000 रुपए 18 कैरेट - 1,23,550 रुपए
Causes Of Bloating And Gas: हम क्या खाते हैं, इसका हमारी सेहत पर काफी असर होता है. चलिए आपको बताते हैं कि किन फूड कॉम्बिनेशन से आपको बचना चाहिए और आयुर्वेद इसको लेकर क्या कहता है Which Foods Should Not Be Eaten Together: खाना खाते समय हमें कुछ चीजों का ध्यान रखने की जरूरत होती है. हम क्या खाते हैं और किन चीजों को साथ में मिलाकर खाते हैं, इसका सीधा असर हमारे डाइजेशन शक्ति पर पड़ता है. गलत फूड कॉम्बिनेशन पाचन को बिगाड़ सकते हैं और शरीर में टॉक्सिक तत्व जमा कर सकते हैं. इसका नतीजा गैस, पेट फूलना, एसिडिटी, त्वचा संबंधी समस्याएं और लंबे समय में गंभीर बीमारियों के रूप में सामने आ सकता है. चलिए आपको आयुर्वेद के हिसाब से बताते हैं कि किन कॉम्बिनेशन से हमें बचना चाहिए. क्या कहता है आयुर्वेद? आयुर्वेद के बारे में जानकारी देने वाली संस्था kevaayurveda के अनुसार, आयुर्वेद मानता है कि हर व्यक्ति की वात, पित्त, कफ और पाचन क्षमता अलग होती है कुछ खानें की चीजें एक-दूसरे के विपरीत गुण रखते हैं. यदि इन्हें बार-बार साथ में खाया जाए तो डाइजेशन सिस्टम पर अतिरिक्त प्रेशर पड़ता है. इससे गैस, कब्ज, सीने में जलन, मुंहासे, कमजोर इम्यूनिटी और डाइजेशन जैसी समस्याएं हो सकती हैं. किन फूड कॉम्बिनेशन से बचना चाहिए? kevaayurveda के अनुसार, कुछ प्रमुख गलत फूड कॉम्बिनेशन जिनसे बचने की सलाह दी जाती है, उनमें सबसे पहले आता है दूध और मछली. आयुर्वेद के अनुसार दूध ठंडा और भारी होता है, जबकि मछली गर्म तासीर वाली मानी जाती है. दोनों को साथ लेने से पाचन गड़बड़ा सकता है और स्किन संबंधी समस्याएं हो सकती हैं. इसी तरह दूध के साथ खट्टे फल जैसे संतरा, नींबू या अनानास भी ठीक नहीं माने जाते, क्योंकि ये पेट में दूध को फाड़ सकते हैं और गैस या एसिडिटी बढ़ा सकते हैं. गरम भोजन के साथ शहद मिलाना भी आयुर्वेद में हानिकारक बताया गया है. शहद को गर्म करने से उसके गुण बदल सकते हैं और शरीर में टॉक्सिक प्रभाव पैदा हो सकता है. भारी भोजन के तुरंत बाद फल खाना भी उचित नहीं माना जाता, क्योंकि फल जल्दी पचते हैं और भारी भोजन के साथ पेट में फर्मेंटेशन शुरू कर सकते हैं. दही और चीनी का मेल भी पाचन के लिए अनुकूल नहीं माना जाता. दही पहले से ही खट्टा और ठंडा होता है, जबकि रिफाइंड चीनी शरीर में असंतुलन बढ़ा सकती है. रात में दही को फल या ठंडी चीजों के साथ लेना कफ बढ़ा सकता है, जिससे सर्दी-खांसी या साइनस की समस्या हो सकती है. बासी भोजन के साथ दूध लेना भी पाचन के लिए सही नहीं माना गया. किन चीजों का सेवन करना चाहिए? आयुर्वेद सलाह देता है कि मौसमी आहार लें, जरूरत से ज्यादा न खाएं और अदरक, जीरा, सौंफ जैसे मसालों का उपयोग करें, जो डाइजेशन को मजबूत बनाते हैं. सही फूड कॉम्बिनेशन अपनाने से डाइजेशन मजबूत रहती है, न्यूट्रिशन तत्वों का ऑब्जर्वेशन बेहतर होता है और शरीर संतुलित रहता है. खासकर बच्चों, बुजुर्गों और कमजोर पाचन वाले लोगों के लिए यह नियम और भी लाभकारी माने जाते हैं.
O Romeo OTT Release: शाहिद कपूर और तृप्ति डिमरी की 'ओ रोमियो' का फैंस ओटीटी पर रिलीज का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं. फाइनली ये अब डिजिटल प्लेटफॉर्म पर डेब्यू करने जा रही है. शाहिद कपूर और विशाल भारद्वाज की जोड़ी की मच अवेटेड फिल्म ‘ओ रोमियो’ 13 फ़रवरी, 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी. इस एक्शन-रोमांटिक थ्रिलर से बॉक्स ऑफिस पर धमाल मचाने की काफी उम्मीदें थी लेकिन ये खास परफॉर्म नहीं कर पाई है. हालांकि फैंस इसके ओटीटी रिलीज का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे. फाइनली शाहिद कपूर और तृप्ति डिमरी स्टाररर ओ रोमियो’ डिजिटल प्लेटफॉर्म पर डेब्यू करने जा रही है. जानते हैं इसे कब और कहां देख सकेंगे? ओ रोमियो’ ओटीटी पर कब और कहां होगी रिलीज? ओ रोमियो’ में शाहिद कपूर ने दमदार रोल प्ले किया है और उनकी एक्टिंग की काफी तारीफ हुई है. वहीं अब ये फिल्म ओटीटी के प्लेटफॉर्म अमेजन प्राइम वीडियो पर 27 मार्च, 2026 से दस्तक देने जा रही है. लेकिन इसे अभी 'पे-पर-व्यू' के तहत यानी किराए पर लेकर देखा जा सकेगा. इसके बाद अप्रैल के दूसरे हफ़्ते में इसे सभी प्राइम सब्सक्राइबर्स के लिए फ्री में अवेलेबल कराया जाएगा. क्या है ओ रोमियो का प्लॉट हुसैन ज़ैदी की किताब 'माफिया क्वीन्स ऑफ मुंबई' पर आधारित यह फ़िल्म, 1990 के दशक के मुंबई के अंडरवर्ल्ड की दुनिया में ले जाती है. विशाल भारद्वाज द्वारा निर्देशित और साजिद नाडियाडवाला द्वारा निर्मित, ‘ओ रोमियो’ अपराध, प्यार और भावनाओं का एक एक्साइटिंग ब्लेंड है. यह एक ऐसे खूंखार गैंगस्टर की कहानी है जिसकी ज़िंदगी तब बदल जाती है जब उसे ऐसा प्यार मिलता है जो उसे बेकाबू कर देता है और उसका कमज़ोर पहलू सामने ले आता है. इससे जुनून और झगड़ों का एक तूफ़ानी सिलसिला शुरू हो जाता है, जो एक बड़े गैंग वॉर को जन्म देता है और उसकी अपराध की दुनिया को खतरे में डाल देता है. ‘ओ रोमियो’ की शानदार स्टारकास्ट ‘ओ रोमियो’ में एक शानदार स्टारकास्ट है जिसमें तृप्ति डिमरी, अविनाश तिवारी, नाना पाटेकर, फरीदा जलाल, हुसैन दलाल, तमन्नाह, दिशा पटानी और विक्रांत मैसी शामिल हैं; ‘ओ रोमियो’ बॉक्स ऑफिस कलेक्शन 'ओ रोमियो' ने अपनी घरेलू शुरुआत कोईमोई के आंकड़ों के मुताबिक 9.01 करोड़ की कमाई के साथ की और अपने पूरे रन के दौरान, यह अपनी ओपनिंग-डे की कमाई को 9 गुना से थोड़ा ज़्यादा बढ़ाने में कामयाब रही. आखिरी अपडेट के मुताबिक, इसने भारतीय बॉक्स ऑफिस पर अपना सफर 83.35 करोड़ नेट पर खत्म किया. यह 98.35 करोड़ ग्रॉस के बराबर है. विदेशों में, इसने 24.75 करोड़ ग्रॉस कमाए. भारत और विदेशों की ग्रॉस कमाई को मिलाकर, दुनिया भर के बॉक्स ऑफिस पर इसका कुल कलेक्शन 123.1 करोड़ ग्रॉस रहा है.
रणवीर सिंह स्टारर धुरंधर 2 ने 19 मार्च को बॉक्स ऑफिस पर दस्तक दी है. फिल्म को मिल रहे शानदार रिस्पॉन्स को देखते हुए हाल ही में सक्सेस पार्टी का आयोजन किया गया, जिसमें सेलेब्स का जमावड़ा देखने को मिला रणवीर सिंह की फिल्म धुरंधर 2 में थिएटर्स में रिलीज होते ही धमाका करना शुरू कर दिया है. फिल्म के हर एक सीन में एक नया सस्पेंस देखने को मिल रहा है. इतना ही नहीं फिल्म की कहानी इस तरह से लिखी गई है कि अंत तक भी सस्पेंस खत्म नहीं होने वाला है. फिल्म का क्लाइमैक्स तो गजब का है. दुनियाभर में धुरंधर 2 ने धमाका कर रखा है. बीती रात धुरंधर 2 की सक्सेस पार्टी का आयोजन किया गया. इस पार्टी में रणवीर सिंह से लेकर यामी गौतम तक सभी कलाकार शामिल हुए. धुरंधर 2 की सक्सेस पार्टी में सेलेब्स ने काटा गदर रणवीर सिंह ने धुरंधर 2 की सक्सेस पार्टी में स्वैग के साथ एंट्री मारी. सोशल मीडिया पर कई वीडियोज वायरल हो रही हैं, जिसमें उनका मस्तमौला अंदाज देखने को मिल रहा है. इतना ही नहीं एक वीडियो में तो वो धुरंधर के fa9la पर डांस करते हुए नजर आए. धुरंधर 2 में अर्जुन रामपाल की एक्टिंग की भी खूब तारीफ हो रही है. वो भी इस पार्टी में शामिल हुए. इस दौरान अर्जुन रामपाल कैजुअल लुक में काफी हैंडसम लगे. उनके अंदाज ने लोगों का दिल जीत लिया. धुरंधर 2 की सक्सेस पार्टी में सारा अर्जुन भी शिरकत करने पहुंची. इस दौरान उन्हें आदित्य धर के साथ स्पॉट किया गया. वायरल वीडियो में सारा और आदित्य की शानदार बॉन्डिंग देखने को मिल रही है. आदित्य धर की फिल्म धुरंधर 2 को मिल रही सक्सेस को देख उनकी वाइफ यामी गौतम भी बेहद खुश हैं. ऐसे में वो भी इस पार्टी में शिरकत करने पहुंचीं. फिल्म में भी अपने छोटे से कैमियो से यामी ने धमाल मचाकर रख दिया है. भाभीजी घर पर हैं फेम सौम्या टंडन भी धुरंधर 2 की सक्सेस पार्टी में शामिल हुईं. इस पार्टी में उन्हें रणवीर सिंह के संग मस्ती करते हुए देखा गया. एक्ट्रेस ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर पार्टी की कई तस्वीरें और वीडियोज शेयर की हैं. धुरंधर 2 में चौधरी असलम की भूमिका निभाकर लोगों के दिलों पर राज करने वाले संजय दत्त भी पार्टी में शामिल हुए. इस दौरान भी वो अपने चौधरी असलम वाले अंदाज में दिखाई दिए.
प्रियंका चोपड़ा की 'ननद' की 30 साल की उम्र में मौत, सदमे में निक जोनस, पोस्ट में लिखा- 'माई सिस्टर फॉरएवर' Nick Jonas Sister Death: प्रियंका चोपड़ा के पति निक जोनक की ‘बहन’ माया किबेल का 30 साल की उम्र में एक लंबी बीमारी से जूझने के बाद निधन हो गया. निक बहन की मौत से सदमे में हैं. निक जोनस की बहन माया किबेल का 30 साल की उम्र में निधन ग्लोबल आइकन प्रियंका चोपड़ा के पति और सिंगर निक जोनस की बचपन की दोस्त और ‘बहन’ माया किबेल का 30 साल की उम्र में निधन हो गया वह विल्सन डिज़ीज़ नाम की रेयर जेनेटिक कंडीशन से जूझ रही थीं.यह दुखद खबर माया की मां ने सोशल मीडिया पर शेयर की. वहीं ‘बहन’ की मौत से प्रियंका चोपड़ा के पति निक सदमे में हैं. निक जोनास की ‘बहन’ माया किबेल को क्या हुआ? उनके परिवार के मुताबिक, माया 7 मार्च को बेहोश हो गईं थींऔर उन्हें इमरजेंसी रूम में ले जाया गया. मेडिकल कोशिशों के बावजूद, डॉक्टर उन्हें बचा नहीं पाए क्योंकि उनके दिल और फेफड़ों ने काम करना बंद कर दिया था. उनकी मां ने कहा कि माया ने अपनी बीमारी के दौरान बहुत दर्द सहा था लेकिन आखिर तक बहादुरी से लड़ीं. माया किबेल की मां ने शेयर की इमोशनल पोस्ट माया किबेल की मां कियोको किबेल ने सोशल मीडिया पर शेयर की इमोशनल पोस्ट में लिखा, "मुझे यह दुखद खबर पोस्ट करते हुए बहुत दुख हो रहा है. माया विल्सन डिज़ीज़ नाम की एक रेयर बीमारी से जूझ रही थीं. उन्होंने बहुत लड़ाई लड़ी लेकिन उनका शरीर जवाब दे गया. 3/7 की सुबह, वह गिर गईं और उनके दिल और फेफड़ों ने काम करना बंद कर दिया. बहुत देर हो चुकी थी और ER में उनकी मौत हो गई." उन्होंने पोस्ट में आगे लिखा था, “उसने इतना दुख झेला था कि अक्सर वह अपने दर्द की वजह से रोते-रोते सो जाती थी.” “लेकिन अब वह स्वर्ग में चली गई है जहां वह बिना किसी दर्द या आंसू के अपने डैडी के साथ रह सकती है.” निक जोनस ने माया किबेल के निधन पर दुख जताया किबेल का जोनस परिवार के साथ एक करीबी रिश्ता था और वह निक जोनस के खास तौर पर करीब रहीं।. रिपोर्ट्स के मुताबिक, दोनों 'भाई-बहन' की तरह बड़े हुए. पोस्ट पर रिएक्ट करते हुए, प्रियंका चोपड़ा के पति निक ने कमेंट्स में श्रद्धांजलि देते हुए लिखा, "माई सिस्टर फॉरएवर. हमेशा आपके लिए."निक जोनास की पत्नी और ग्लोबल आइकन प्रियंका चोपड़ा भी कथित तौर पर माया किबेल के क्लोज थीं. वहीं निक जोनस की पोस्ट के बाद फैंस भी निक संग माया किबेल की तस्वीर शेयर कर उनके निधन पर दुख जता रहे हैं.